अभी अभी : चर्चा है कि लगभग एक साल पहले एक आईएएस अधिकारी के स्टिंग के मामले को रफा-दफा कर दिया गया था लेकिन अब एक महत्वपूर्ण संसथान के मुखिया का स्टिंग चर्चा का विषय बना हुआ है बताते है कि इस स्टिंग को कई महीने पहले अंजाम दिया गया थाउत्तराखंड में एक विभाग के एमडी का भष्ट्राचार को लेकर स्टिंग होने की खबर ने भूचाल मचा रखा है चर्चा है की इस स्टिंग की खबर सरकार के चंद नेताओ को भी हो चुकी है लेकिन यह नेता जनता के बीच अपनी किरकिरी होने से बचने के लिए ब्लेकमेलिंग को अपना धंधा बनाकर स्टिंग करने वाले ब्लेकमेलर पर शिकंजा कसने से पीछे हट रहे है क्योकि इन नेताओ को यह डर सता रहा है की अगर उन्होंने ब्लेकमेलर को बेनकाब किया तो भष्ट्राचार पर जीरो टॉलरेंस का दावा करने वाली सरकार का एमडी कैसे भष्ट्राचार कर रहा है…
चर्चा तो यंहा तक है की एमडी व ब्लेकमेलर के बीच दो महीनो से डील चल रही है और डील यह डील डेढ़ करोड़ तक पहुँच चुकी है, अगर ब्लेकमेलर यह डीलिंग करने में सफल हो गया तो यह सीधे तौर पर राज्य सरकार की बड़ी नाकामी साबित होगी। अब देखना यह होगा कि यह महज सिर्फ चर्चा ही बनकर रह जाएंगी या फिर सरकार इस पर कड़ा रुख अपनाती है इस स्टिंग में कितनी सचाई है यह तो आने वाला वक्त ही बताएगा।


