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चंपावत में आकाशीय बिजली का कहर, गौशाला में लगी आग, एक बछिया जिंदा जली

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चंपावत : चंपावत गढ़कोट पट्टी क्षेत्र के तोक डाबरी (सेला) में रविवार को आकाशीय बिजली ने भारी तबाही मचा दी। वज्रपात से एक दोमंजिला गौशाला धू-धू कर जल उठी, जिसमें बंधी एक बछिया जिंदा जल गई, जबकि एक दुधारू गाय को ग्रामीणों ने जान जोखिम में डालकर बचा लिया। घटना में गरीब किसान की गौशाला, पशुचारा और लकड़ी सहित लाखों रुपये की संपत्ति राख हो गई।

चंपावत में आकाशीय बिजली का कहर

मिली जानकारी के अनुसार ग्राम गढ़कोट निवासी डूंगर देव पुत्र सीताराम की गौशाला पर अचानक आकाशीय बिजली गिर गई। बिजली गिरते ही छत पर रखी सूखी घास ने आग पकड़ ली और देखते ही देखते आग ने पूरी गौशाला को अपनी चपेट में ले लिया। गौशाला के निचले हिस्से में बंधी एक बछिया आग में बुरी तरह झुलस गई और उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
बताया जा रहा है कि घटना के समय डूंगर देव की पत्नी गौशाला में पहुंची थी। अचानक हुए भीषण वज्रपात से वह बेहोश हो गई। ग्रामीणों ने तत्काल मौके पर पहुंचकर राहत कार्य शुरू किया और बड़ी मशक्कत के बाद एक दुधारू गाय को सुरक्षित बाहर निकालने में सफलता हासिल की।

आकाशीय बिजली गिरने से गौशाला में लगी आग

स्थानीय लोगों के अनुसार गौशाला पुरानी दोमंजिला इमारत थी, जिसमें देवदार और साल की लकड़ी के साथ बड़ी मात्रा में सूखी घास भी रखी गई थी। आग इतनी तेजी से फैली कि पूरा भवन कुछ ही देर में जलकर खाक हो गया। घटना की सूचना मिलते ही जिलाधिकारी मनीष कुमार के निर्देश पर राजस्व एवं पशुपालन विभाग की संयुक्त टीम तत्काल मौके के लिए रवाना की गई। तहसीलदार चम्पावत बृजमोहन आर्या, राजस्व निरीक्षक, राजस्व उपनिरीक्षक और पशु चिकित्सा अधिकारी ने घटनास्थल का निरीक्षण कर क्षति का आकलन शुरू कर दिया है।

जिलाधिकारी ने पीड़ित परिवार को दिया मुआवजा देेने का आश्वासन

जिलाधिकारी ने घटना पर गहरा दुःख व्यक्त करते हुए प्रभावित परिवार के प्रति संवेदना जताई है। उन्होंने अधिकारियों को शीघ्र क्षति आकलन रिपोर्ट तैयार कर आवश्यक कार्रवाई पूरी करने के निर्देश दिए हैं। जिलाधिकारी ने आश्वस्त किया कि शासन के निर्धारित मानकों के अनुसार पीड़ित परिवार को अनुमन्य सहायता और मुआवजा उपलब्ध कराया जाएगा।
ग्रामीणों ने प्रशासन से शीघ्र मुआवजा प्रदान कर प्रभावित किसान को राहत देने की मांग की है। घटना के बाद पूरे क्षेत्र में शोक और चिंता का माहौल बना हुआ है।