चमोली के मायापुर (पीपलकोटी) स्थित टीएचडीसी की निर्माणाधीन टनल में हुए हादसे के बाद मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जिला अस्पताल गोपेश्वर पहुंचकर रेस्क्यू किए गए घायल श्रमिकों का हालचाल जाना। घटनास्थल पर रेस्क्यू अभियान का जायजा लेने के बाद मुख्यमंत्री सीधे अस्पताल पहुंचे और श्रमिकों से बातचीत कर उनके स्वास्थ्य एवं उपचार की जानकारी ली।
घायल श्रमिकों से मिले मुख्यमंत्री धामी
मुख्यमंत्री धामी ने जिला अस्पताल में भर्ती घायल श्रमिकों से मुलाकात की। उन्होंने श्रमिकों से उनके स्वास्थ्य के बारे में जानकारी ली और डॉक्टरों से उनके इलाज की स्थिति जानी।
मुख्यमंत्री ने चिकित्सकों को निर्देश दिए कि सभी घायल श्रमिकों को बेहतर से बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाए। उन्होंने कहा कि उपचार में किसी भी प्रकार की कमी नहीं होनी चाहिए और घायलों के स्वास्थ्य की लगातार निगरानी की जाए।

‘प्रत्येक श्रमिक की जान बेहद कीमती’
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि प्रत्येक व्यक्ति की जान सरकार के लिए बेहद कीमती है। उन्होंने कहा कि श्रमिकों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए उपलब्ध सभी संसाधनों का इस्तेमाल किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि टनल में फंसे प्रत्येक श्रमिक को सुरक्षित बाहर निकालना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। रेस्क्यू अभियान में किसी भी स्तर पर कमी नहीं रहने दी जाएगी।
परिजनों को दी जा रही समय पर जानकारी
मुख्यमंत्री ने बताया कि हादसे से प्रभावित श्रमिकों के परिजनों को समय पर जानकारी उपलब्ध कराने के लिए उन्होंने संबंधित राज्यों के मुख्यमंत्रियों से स्वयं बातचीत की है।
सरकार की ओर से परिजनों को घटना और रेस्क्यू अभियान की स्थिति की जानकारी उपलब्ध कराने पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है।

टनल हादसे की होगी मजिस्ट्रियल जांच
मुख्यमंत्री ने बताया कि टीएचडीसी टनल हादसे के कारणों की जांच के लिए मजिस्ट्रियल जांच के आदेश दे दिए गए हैं। जांच के माध्यम से हादसे के कारणों और परिस्थितियों का पता लगाया जाएगा।
फिलहाल प्रशासन और बचाव एजेंसियों का पूरा ध्यान टनल में फंसे श्रमिकों को सुरक्षित बाहर निकालने पर है। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों और बचाव दलों को अभियान पूरी गंभीरता और सावधानी के साथ जारी रखने के निर्देश दिए हैं।