उत्तर प्रदेश में कोरोना के नए स्ट्रेन की दस्तक ने सरकार की चिंता बढ़ा दी है। यूनाइटेड किंगडम (यूके) से उत्तर प्रदेश में लौटकर आए 565 लोग लापता हैं। सभी ने अपना मोबाइल फोन भी स्विच ऑफ कर रखा है। फिलहाल अब तक जांच न कराए जाने के कारण स्वास्थ्य विभाग बार-बार इनसे खुद सामने आकर जांच कराने की अपील कर रहा था। अब उसने सख्त रुख अपना लिया गया है। फिलहाल इन्हें पासपोर्ट पर दिए गए पते के आधार पर ढूंढ़ा जा रहा है। अब इन्हें महामारी एक्ट के तहत कड़ी कार्रवाई किए जाने की चेतावनी दी गई है। यूनाइटेड किंगडम से लौटे 1,655 लोगों की सूची भारत सरकार ने यूपी सरकार को सौंपी थी। फिलहाल इसमें जांच में सामने आया कि 60 नाम दोबारा दर्ज हैं। महानिदेशक चिकित्सा एवं स्वास्थ्य डॉ. डीएस नेगी का कहना है कि यूके से लौटे लोग खुद अपनी जांच कराएं, वरना वह घातक संक्रमण फैलाने का कारण बन सकते हैं। ऐसे में महामारी एक्ट के तहत कार्रवाई की जाएगी। बता दें कि मेरठ के बाद नोएडा में भी कोरोना के नए स्ट्रेन का रोगी मिला है। यूके से लौटी 30 वर्षीय महिला कोरोना के नए स्ट्रेन से संक्रमित पाई गई। नोएडा में रहने वाली इस महिला के नए स्ट्रेन से संक्रमित पाए जाने के बाद अब तक प्रदेश में नए स्ट्रेन से संक्रमित दो रोगी पाए जा चुके हैं। मेरठ में एक दो वर्ष की बच्ची भी नए स्ट्रेन से संक्रमित पाई जा चुकी है। फिलहाल यूके से लौटे लोगों और उनके संपर्क में आए कुल 2,500 लोगों के सैंपल जांच के लिए लैब भेजे जा चुके हैं। अभी तक 10 लोग संक्रमित पाए गए हैं, उसमें मेरठ के चार, नोएडा के तीन, गाजियाबाद के दो और बरेली का एक व्यक्ति शामिल है।



