
देहरादून । अपने मानदेय बढ़ाने के लिए शिक्षा प्रेरकों ने परेड मैदान में 59वें दिन धरना जारी रखा तथा सरकार के विरुद्ध नारेबाजी की। शिक्षा प्रेरकों का कहना है कि राज्य और भारत सरकार उनके रुके मानदेय को तत्काल निर्गत करें ताकि उनकी आर्थिक समस्या दूर हो। इन लोगों ने अपने मानदेय में बढ़ोतरी की भी मांग की।
शिक्षा प्रेरक संगठन के प्रदेश अध्यक्ष राजेश राणा का कहना है कि उत्तराखंड के छह जनपदों, हरिद्वार, टिहरी, उत्तरकाशी, ऊधमसिंहनगर, चम्पावत व बागेश्वर में 2009-10 साक्षर भारत कार्यक्रम संचालित किया जा रहा है जिसमें भारत सरकार द्वारा मात्र 2000 रुपये प्रति शिक्षा प्रेरक को दिया जाता है जो काफी कम है। इसी प्रकार राज्य सरकार द्वारा इस प्रेरणा राशि में एक हजार रुपये बढ़ाये गये है, जो मार्च 2017 से अब तक नहीं मिल पाया है। जिसके कारण प्रेरक आर्थिक तंगी में है। उनका कहना है कि रुका हुआ मानदेय तुरंत दिया जाए तथा इसमें बढ़ोतरी की जाए। आंदोलनरत शिक्षा प्रेरकों में राजेश राणा, धर्मेंद्र, रेणु सिंह, सुनीता पंवार, पुष्पा, अलका, केशव निराला, यशपाल, अरविंद ममगाईं समेत तमाम लोग उपस्थित थे।