देहरादून: उत्तराखंड की राजनीति में सत्ता पर काबिज भाजपा सरकार में हर बार बड़े बदलाव की सुगबुगाहट चलती रहती है। फिर चाहे वो कैबिनेट में खाली सीटों को भरना हो या कुछ मंत्रियों के पर कतरना हो। हमेशा ये सवाल सत्ता, विपक्ष और जनता के बीच चर्चा का विषय बने रहते हैं। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी भी बीते कुछ समय से हर महीने दिल्ली दरबार में अपनी हाजरी लगा रहे हैं। उनके दिल्ली दौरे से ये चर्चाएं और भी तेज़ हो जाती हैं।
मुख्यमंत्री धामी के दिल्ली दौरे से उत्तराखंड की राजनीति में हलचल तेज़
आज एक बार फिर सीएम धामी दिल्ली दौरे पर हैं, तो सत्ता के गलियारों में चर्चाएं भी तेज़ हो गई हैं। दरअसल, भारतीय जनता पार्टी में नवनिर्वाचित राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष, नितिन नबीन का आधिकारिक राष्ट्रीय अध्यक्ष को लेकर चुनाव होना है। जिसकी आधिकारिक घोषणा 20 जनवरी को की जाएगी। साथ ही जिस तरह भाजपा संगठन ने राष्ट्रीय अध्यक्ष पर युवा नेतृत्व को तरजीह दी है, ऐसे में मन जा रहा है कि संगठन उत्तराखंड में भी कुछ बड़े फेरबदल कर सकता है।

विधानसभा चुनाव 2027 को लेकर भी माहौल गर्म
कयासों का बाजार इसलिए भी गर्म है कि, 2027 में उत्तराखंड में विधानसभा चुनाव होने हैं। ऐसे में सरकार और संगठन नहीं चाहता है कि आमजनता के बीच गलत छवि जाए। सत्ता पक्ष के अंदर भी ये बाते गाहे बगाहे चल रही है कि कुछ नेताओं के विवादित या पार्टी विरोधी बयान देने से पार्टी असहज हो रही है।
अंकिता भंडारी मामले में बैकफुट पर नजर आई भाजपा
वहीं दूसरी ओर राज्य में दिवंगत अंकिता भंडारी हत्याकांड मामले में विपक्ष को मुद्दा मिलने पर भाजपा सरकार बैकफुट पर नजर आई। हालांकि मुख्यमंत्री धामी ने इस पूरे मामले की सीबीआई जांच के निर्देश दिए हैं, लेकिन विपक्ष अभी भी सरकार पर लगातार हमलावर है। अंकिता भंडारी मामले में उर्मिला सनावर ने सरकार को पूरी तरह असहज करने का काम किया। जहाँ उन्होंने भाजपा के बड़े नेताओं पर बड़े गंभीर आरोप भी लगाए। जिससे प्रदेश भर में भाजपा की छवि पर बुरा प्रभाव पड़ा है। बाद में भाजपा के वरिष्ठ नेताओं ने मामले में डैमेज कंट्रोल करने की भी पूरी कोशिश की लेकिन अभी भी लोगों के जख्म पूरी तरह से भरे नहीं हैं।

संगठन उत्तराखंड में जल्द ले सकता है बड़ा फैसला
चूंकि, अब भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष की औपचारिक घोषणा होनी बाकि रह गई है। ऐसे में सरकार के कई मंत्री, विधायक दिल्ली दरबार में हाजरी लगाते हुए देखे जा सकते हैं। विशेष सूत्रों की मानें तो भाजपा संगठन, सरकार और मंत्रिमंडल में आगामी कुछ दिनों में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है।



